- RJSURABHISAXENA
गुलों के गुलबुटों में एक सपने का जाल बुने
उन सपनों का ताना बाना एन आंखों में एक सार करें

जज़्बातों की बात कहो या दिल की एक खामोशी समझो
बस दिल से जो भी बात उठे वो तुझ से मिलने की फ़रियाद करे
इन भावों को हिन्दी में समझो या उर्दू में पहचानों
हर भाषा में प्यार रहेगा जिस हद तक हम प्यार करें
सुरभि

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